中文圣经

यशायाह 66:2

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yē hé huá shuō : zhè yí qiè dōu shì wǒ shǒu suǒ zào de , suǒ yǐ jiù dōu yǒu le 。 dàn wǒ suǒ kàn gù de , jiù shì xū xīn tòng huǐ 、 yīn wǒ huà ér zhàn jīng de rén 。

यहोवा की यह वाणी है, ये सब वस्तुएँ मेरे ही हाथ की बनाई हुई हैं, इसलिए ये सब मेरी ही हैं। परन्तु मैं उसी की ओर दृष्टि करूँगा जो दीन और खेदित मन66:2 दीन और खेदित मन: ऐसा मन जो टूटा हुआ हो, कुचला हुआ हो या पाप से अत्यधिक प्रभावित रहा हो। का हो, और मेरा वचन सुनकर थरथराता हो। (भज. 34:18, मत्ती 5:3)

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